कृषि विधेयक बिल का कांग्रेसियों ने प्रदर्शन कर पुरजोर विरोध किया

द न्यूज यूनिवर्स

झाँसी

25 सितंबर

कृषि विधेयक बिल के बिरोध में आज किसान संगठनों व विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा आहूत किये गये भारत बंद के दौरान आज झाँसी जिले में कांग्रेस पार्टी एवं कई दलों व किसान संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किया । भारत बंद के आह्वान पर कई जगह व्यापारिक प्रतिष्ठान व गल्ला मंडी बन्द रहीं । उत्तरप्रदेश कांग्रेस के आह्वान पर आज जिला एवं शहर कांग्रेस के पदाधिकारियों ने झाँसी ,मऊरानीपुर ,रानीपुर व अन्य कस्बों में विरोध प्रदर्शन किया ।इस दौरान रानीपुर का बाजार बंद रहा वहीं झाँसी में फल ,सब्जी व गल्ला मंडी के प्रतिष्ठान बंद रहे ।

झाँसी में पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कांग्रेसी नेता व कार्यकर्ताओं ने कृषि विधेयक का तीव्र विरोध किया ,प्रदर्शन के दौरान पुलिस की घेराबंदी रही ।पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य ने केंद्र सरकार को किसान ,गरीब और मजदूरों की विरोधी व पूंजीपतियों की हमदर्द बताया ,कृषि विधेयक को काला कानून बताते हुये विधेयक को बापस लेने की मांग की गई ।

कांग्रेस के जिलाध्यक्ष भगवान दास कोरी के नेतृत्व में रानीपुर में एवं झाँसी शहर अध्यक्ष अरविंद वशिष्ठ के नेतृत्व में विरोध प्रदर्शन किया गया ।


झाँसी शहर काँग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अरविंद वशिष्ठ के नेतृत्व में भारत कर्फ्यू के समर्थन में भारी संख्या में कांग्रेसियों ने गल्ला मंडी पहुँच कर व्यापारियों, किसानों और पल्लेदारों के बंद का समर्थन किया एवं फल मंडी व्यापारियों के समर्थन से फलमंडी की दुकानें भी बंद करवाई और किसानों के हित मे सहयोग की अपील करी।*
उक्त अवसर पर मोदी सरकार द्वारा काला कानून किसान अधिनियम का विरोध करते हुए सभा का आयोजन किया गया जहां सभा के दौरान भोजला गल्ला मंडी में भारी पुलिस दल ने सभा स्थल को घेर लिया ।


उक्त सभा को सम्बोधित करते हुए अध्यक्ष अरविंद वशिष्ठ ने कहा कि मौजूदा सरकार किसानों के विरोध में किसान अधिनियम लायी है जिससे किसानों को भविष्य में भारी समास्यायों का सामना करना पड़ सकता है , किसान अधिनियम से स्पष्ट होता है कि भविष्य में मंडी व्यवस्था ही खत्म हो जाएंगी जिससे कॉरपोरेट ओर बिचौलियों का फायदा होगा , ओर किसानों को उनकी उपज की सही कीमत नही मिलेगी । बिल में समर्थन मूल्य का भी कोई स्पष्ट उल्लेख नही है , बिल की धारा 4 के अनुसार यह स्पष्ट होता है कि किसान को उसकी उपज का मूल्य 3 कार्यदिवसों में दिया जाएगा जो कहीं से किसान के लिए हितकर नही साबित होगा । इसलिए इस किसान विरोधी अधिनियम का हम विरोध करते है।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व सदस्य राजेन्द्र सिंह यादव ने कहा कि यह बिल किसानों के लिए सरासर अहितकारी है जिसकी वजह से देश का किसान पूरी तरह बर्बाद हो जाएगा और वह अपने ही खेत पर मजदूर बन कर रह जायेगा।
पूर्व मंडल प्रवक्ता राजेन्द्र शर्मा ने कहा कि मोदी सरकार का बिल उनकी बहुत बड़ी भूल है जिसका खमियाजा किसान अकेले ही नही अपितु पूरा देश भुगतेगा क्योकि इससे आवश्यक खाद्यान वस्तुयों की काला बाजारी को बढ़ावा मिलेगा ।
पूर्व जिला पंचायत सदस्य बलवान सिंह यादव ने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था में किसान का बड़ा योगदान है और जब सारे सेक्टर नीचे आ गए तब किसानों ने ही देश की अर्थव्यवस्था को संभाल कर रखा और अब यह सरकार किसानों को खत्म कर के किसानी का कार्य भी बड़े उद्योगपतियों के हाथ में सौंपना चाहती है।
सभा का संचालन कांग्रेस के वरिष्ठ नेता उपाध्यक्ष शहर कांग्रेस कमेटी राजेन्द्र रेजा ने किया।

अन्य वक्तायों में शहर सचिव जितेंद्र भदौरिया, सचिव जय करन निर्मोही, महिला कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष प्रभा पाल , महिला कांग्रेस शहर अध्यक्ष शमशाद बेगम , जिला अध्यक्ष कांग्रेस सेवादल विनोद वर्मा , प्रदेश सचिव किसान काँग्रेस मानू सिंह पारीछा, किसान कांग्रेस जिला अध्यक्ष कुलदीप यादव , रम्मू सैनी चिरगाँव , सचिन श्रीवास मोठ , गौरव सोनी , मानवेन्द्र यादव बरथरी गांव , विपिन समाधिया कुमरार गांव , आसिया सिद्दकी , समीमा बानो , अनु श्रीवास्तव , सौरभ पसइयाँ गांव , धनंजय राजपूत जौहरी गांव, राजपूत जौहरी गांव, मनीष आर्या पारीछा , शिवा सिंह पारीछा आदि ने विचार व्यक्त किये।
वहीं जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष भगवान दास कोरी के नेतृत्व में कांग्रेसी नेताओं ने रानीपुर में विरोध प्रदर्शन किया व कांग्रेस के जिलाध्यक्ष की अपील पर व्यापारियों ने बाज़ार बन्द रखा । इस दौरान जिलाध्यक्ष भगवान दास कोरी ने किसान विधेयकों को किसान विरोधी बताते हुये केंद्र सरकार की नीतियों की तीखी आलोचना की । विरोध प्रदर्शन में राजीव जैन ,अमित गुप्ता ,छक्की लाल रतमेले ,पशाहिद खान ,अब्बास अली ,भद्दे खान , जगदीश आर्य ,रोहित ,छिद्दू ,किशोरी लाल ठगेले, उपेन्द्र अहिरवार समेत बड़ी संख्या में कांग्रेसी उपस्थित रहे ।
वहीं मऊरानीपुर में किसान कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष शिवनारायण सिंह परिहार के नेतृत्व में बड़ी संख्या में किसानों ने विरोध प्रदर्शन किया व उपजिलाधिकारी को ज्ञापन भेंट कर किसान विरोधी विधेयक को वापस लेने की पुरजोर मांग की ।