खाद्य पदार्थों की बिक्री में मुनाफाखोरी करने वालों के खिलाफ होगी कानूनी कार्यवाही

द न्यूज यूनिवर्स

झाँसी/ मऊरानीपुर

25 मार्च

खाद्य पदार्थों की ओवररेटिंग की सूचना पर थानाध्यक्ष ने करवायी मुनादी
जमाखोरी एवं ओवर रेटिंग करने वालों पर कसा कड़ा शिकंजा
टहरौली/ झाँसी। एक ओर जहां देश में कोरोना का डर बैठा हुआ है, और भारत सरकार ने एतिहाद के तौर पर देश भर में 21 दिनों का लॉकडाउन घोषित कर दिया है । ऐसे में रातों रात अमीरी का ख़्वाब देख रहे, मानवता को शर्मसार करने वाले कुछ लोग खाद्यान्न पदार्थों की कालाबाजारी पर उतारू हो गये हैं । इसकी जानकारी मिलते ही थानाध्यक्ष टहरौली डॉ आशीष मिश्रा ने कठोर कार्यवाही की चेतावनी दी है ।
थानाध्यक्ष टहरौली डॉ. आशीष मिश्रा को सूचना प्राप्त हुयी की कुछ राशन विक्रेताओं एवं सब्जी विक्रेताओं द्वारा लोगों की समस्याओं और लॉकडाउन का फायदा उठा कर राशन की सामग्री एवं सब्जियों को तय दामों से ऊँचे दामों पर बेचा जा रहा है। जनसमस्याओं को तत्काल निस्तारित करने में थानाध्यक्ष टहरौली डॉ आशीष मिश्रा ने मामले की गम्भीरता को समझते हुये ओवर रेटिंग कर रहे व्यापारियों को शक्त हिदायत दी और बाजार में मुनादी करवा कर चेतावनी दी कि ओवर रेटिंग करने वालों के खिलाफ कठोरता कार्यवाही अमल में लायी जायेगी ।

खाद्य पदार्थों के दाम आसमान पर
कोरोना के डर के चलते टहरौली में खाद्य पदार्थों के दाम आसमान पर पहुँचने लगे हैं । वर्तमान में टहरौली में चीनी को 42 रुपये प्रति किलोग्राम, जबकि 2 दिन पहले तक इसकी कीमत 35 रुपये प्रति किलोग्राम थी । इसी क्रम में अरहर की दाल की कीमत 90 रुपये प्रति किलो से बढ़कर 105 रुपये प्रति किलोग्राम तक हो गये हैं, सरसों के तेल की कीमत 90 रुपये प्रति किलोग्राम से बढ़कर 100 रुपये प्रति किलोग्राम तक जा पहुंची है । टहरौली के बाजार में लाल मिर्च को 180 रुपये प्रति किलोग्राम से बढ़ाकर 220 तक बेचा जा रहा है ।
सब्जियों में ओवररेटिंग
सब्जियां भी ओवर रेटिंग से अछूती नहीं हैं । आलू के दाम 15 रुपये से बढ़कर 30 रुपये हो गये हैं, वहीं टमाटर 20 रुपये से बढ़कर 40 रुपये, प्याज 30 रुपये से बढ़कर 45 रुपये, लौकी 20 रुपये से बढ़कर 30 – 35 रुपये, कद्दू 20 रुपये से बढ़कर 30 रुपये, गोभी 10 रुपये से बढ़कर 20 रुपये और करेला 30 रुपये से बढ़कर 50 रुपये तक में बेचा जा रहा है । पहले से कोरोना की मार झेल रहे क्षेत्रवासियों को ओवर रेटिंग की दोहरी मार झेलनी पड़ रही है । परन्तु लोग ओवर रेटिंग में भी खाद्य पदार्थों को लेने के लिये मजबूर हैं ।

वहीं मऊरानीपुर समेत जिले के सभी कस्बों में फल सब्जियों व आवश्यक खाद्य पदार्थों की ओवररेटिंग के द्वारा जमकर मुनाफाखोरी की रही है जिसका आम आदमी पर बहुत बुरा असर पड़ रहा है ।